कैंसर के खिलाफ जागरूकता ही सबसे बड़ा हथियार, युवाओं को बनाया स्वास्थ्य क्रांति का वाहक

पांचवा आयाम (जसबीर/ सच कीरत सिंह)अयोध्या:कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के खिलाफ जनजागरण को नई गति देते हुए डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय में “कैंसर मुक्त भारत 2026–27” अभियान के तहत “आनंदी माँ–एक जीवन बचाओ अभियान” विषयक जागरूकता सेमिनार आयोजित किया गया। कुलपति डॉ. बिजेंद्र सिंह ने कहा कि कैंसर मुक्त भारत केवल एक अभियान नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के स्वस्थ भविष्य का राष्ट्रीय संकल्प है।उन्होंने कहा कि सर्वाइकल कैंसर और एचपीवी संक्रमण से बचाव के लिए समय पर टीकाकरण, सही जानकारी और जागरूकता सबसे प्रभावी उपाय हैं। विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राएं इस स्वास्थ्य अभियान के वास्तविक ब्रांड एंबेसडर बनकर समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकते हैं।स्वास्थ्य केंद्र की प्रभारी एवं अभियान की अयोध्या नोडल अधिकारी डॉ. दीपशिखा चौधरी ने शुरुआती पहचान, निवारक स्वास्थ्य देखभाल और समय पर टीकाकरण की आवश्यकता पर जोर दिया। वैक्सीन विशेषज्ञ डॉ. पी.सी. भारती और डॉ. पांडे ने एचपीवी संक्रमण, सर्वाइकल कैंसर से बचाव, वैक्सीन की सुरक्षा एवं प्रभावशीलता पर विस्तार से जानकारी दी तथा युवाओं से अपने परिवार और समाज में जागरूकता फैलाने का आह्वान किया।स्त्री फाउंडेशन’ के सहयोग से आयोजित इस सेमिनार में 200 से अधिक छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। संवादात्मक सत्र में टीकाकरण से जुड़ी भ्रांतियों का वैज्ञानिक समाधान प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम में अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. नीलम पाठक, प्रो. हिमांशु शेखर सिंह, विश्वविद्यालय स्वास्थ्य केंद्र की टीम, जिला चिकित्सालय की वायरोलॉजी टीम, स्त्री फाउंडेशन के प्रतिनिधि, शिक्षक एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। अंत में विश्वविद्यालय ने कैंसर मुक्त भारत के राष्ट्रीय मिशन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।

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