पंचकूला 30 मई को पंचकूला में हुई थोड़ी सी बारिश ने य़ह साबित कर दिया कि नगर निगम पंचकूला, एच एस वी पी तथा पी एम डी ए के अधिकारी मानसून के आने से पहले शहर के रिहायशी एवं अन्य क्षेत्रों में बरसात के पानी की उचित निकासी की व्यवस्था को लेकर बिल्कुल भी गंभीर नहीं है। कल मामूली सी बारिश से काफी सेक्टरो, चौको , मुख्य सडकों पर पानी जमा हो गया था जिससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। इस बाबत चर्चा करते हुए जजपा पंचकूला के जिला अध्यक्ष ओ पी सिहाग ने कहा कि शहर के लोगों एवं आम नागरिकों को पिछले सालों में भारी बारिश से हुई परेशानी एवं नुकसान से प्रशासन के अधिकारियों ने कोई सबक नहीं सीखा है।उन्होंने कहा कि मानसून बिल्कुल सर पर है अगर मौसम विभाग के अधिकारियों की माने तो 22 जून तक पूरे उत्तरी भारत में मानसून की वर्षा का आगमन हो सकता है। परंतु हमारे पंचकूला के पानी की निकासी से जुड़े विभागों के अधिकारियों ने अभी तक शहर के बड़े नालों, वाटर स्टोरम चैनलज एवं रोड़ गलीज को बरसातों के आने से पहले कोई साफ सफ़ाई का ढंग से प्लान नहीं बनाया है।
ओ पी सिहाग ने कहा उपरोक्त कार्य हर हालत में मई के महीने में खत्म हो जाना चाहिए था परंतु अभी भी जिम्मेवार विभागों के अधिकारी टेन्डर लगाने की प्रक्रिया पूरी नहीं कर पाए हैं। इसका मतलब पहले की तरह बारिश के मौसम में टेन्डर दिया जाएगा जो भ्रस्टाचार को तो सीधा बढ़ावा होगा ही लेकिन ड्रेन , कर्बज एवं चैनलज ,रोड़ गलीज की साफ़ सफ़ाई पूरी तरह नहीं हो पायेगी तथा पिछले सालों की तरह आम लोगों को परेशानियों एवं नुकसान से दो चार होना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि जिन जिम्मेदार अधिकारियों ने इस बारे में कोताही बरती है उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई अम्ल में लाई जाए तथा उच्च अधिकारियों को चाहिए को वो अगले 10 -15 दिनों में रोड़ गलीज , कर्ब चैनल एवं बड़े नालों की साफ सफ़ाई के कार्य को युद्ध स्तर पर चलाकर पंचकूला की आम जनता को आने वाली बारिश के भारी नुकसान तथा परेशानियों से बचाने का प्रयास करे।






