चंडीगढ़ (तानिया रोहिल्ला)।। हरियाणा सरकार ने परिवार पहचान पत्र के संबंध में एक अहम निर्णय लिया है। परिवार पहचान पत्र की वेरिफिकशेन अब ग्राम सभाओं के जरिए करवाई जाएगी। इसके लिए ग्राम पंचायतों में विशेष ग्राम सभाओं का आयोजन होगा। ग्राम सभाओं के माध्यम से पीपीपी से जुड़ी जरूरी डिटेल जुटाई जाएगी।सरकार द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार इसमें किसी भी लाभार्थियों को नहीं बुलाया जाएगा और न ही कोई करेक्शन होगी। इसका मकसद जमीनी स्तर पर सिर्फ असल लाभार्थियों की पहचान की जाएगी। ग्राम पंचायत हर लाभार्थी की आय एवं व्यवसाय से जुड़ी डिटेल जुटाकर रिपोर्ट बनाएगी।इसी आधार पर नए बीपीएल की सूची बनेंगी। यदि किसी की आय या संपत्ति ज्यादा मिली, तो बीपीएल कट जाएगा। अधिकांश लोगों द्वारा बीपीएल से कटने की शिकायतें की जा रही हैं। इनमें से किसी पीपीपी धारक की आय बढ़ा दी गई, तो किसी का चार पहिया वाहन अपडेट कर दिया गया। ऐसे लोग उन आपत्तियों को हटवाने के लिए सीएससी सेंटरों पर चक्कर लगाते रहे। अब उनके लिए ये मौका होगा और वेरिफिकेशन पर उनको बीपीएल सुविधा मिल सकेगी।प्रदेशभर में पीपीपी में चार पहिया वाहन की शर्त आमजन के लिए परेशानी का कारण बनी हुई है। प्रदेश वासियों द्वारा इस शर्त में ढील की मांग की जा रही है। अगर किसी लाभार्थी के पीपीपी में चार पहिया वाहन शो कर रहा है। वे पोर्टल के जरिए रिक्वेस्ट डलवा सकते हैं और और तय मापदंडों को पूरा कर जरूरी दस्तावेज उपलब्ध करवाए। सरकार एवं प्रशासन की ओर से 2 अक्टूबर तक वेरिफिकेशन एवं डेटा अपडेट का कार्य प्रक्रिया पूरी की जानी है।
विकसित भारत-2047 के निर्माण में आर्किटेक्ट्स की अहम भूमिका: सतनाम सिंह संधू
डीगढ़, (तानिया रोहिल्ला) : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विकसित भारत-2047’ के विजन को साकार करने में आर्किटेक्ट्स की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। इनोवेटिव, सस्टेनेबल और भविष्य की जरूरतों के अनुरूप…









