पांचवा आयाम ( जसबीर/ सच कीरत सिंह) :अयोध्या। सावन के प्रथम सोमवार पर भगवान भोलेनाथ के जयघोष से गूंजती रामनगरी में आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। लाखों श्रद्धालुओं और कांवड़ियों की सुरक्षा, सुगम यातायात और शांतिपूर्ण दर्शन-पूजन सुनिश्चित करने के लिए अयोध्या पुलिस पूरी मुस्तैदी के साथ सड़कों पर तैनात रही। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. गौरव ग्रोवर स्वयं प्रमुख घाटों, मंदिरों, कांवड़ मार्गों और संवेदनशील स्थलों पर पहुंचे तथा सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था का व्यापक निरीक्षण कर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर ने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक श्रद्धालु के साथ संवेदनशील और सौहार्दपूर्ण व्यवहार किया जाए, भीड़ प्रबंधन प्रभावी रखा जाए तथा यातायात व्यवस्था हर हाल में सुचारु बनी रहे। उन्होंने आमजन से अफवाहों से दूर रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को देने की अपील भी की।पुलिस अधीक्षक ग्रामीण बलवंत चौधरी ने ग्रामीण क्षेत्रों, प्रमुख संपर्क मार्गों और कांवड़ यात्रा मार्गों का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षित एवं निर्बाध यात्रा सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक संवेदनशील स्थान पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है और लगातार निगरानी रखी जा रही है।नगर पुलिस अधीक्षक चक्रपाणि त्रिपाठी ने नगर क्षेत्र के प्रमुख मंदिरों, घाटों और व्यस्त चौराहों का निरीक्षण करते हुए यातायात व्यवस्था को सुचारु रखने तथा श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न होने देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पुलिस का उद्देश्य सुरक्षा के साथ-साथ श्रद्धालुओं को सहज और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना है।क्षेत्राधिकारी अयोध्या आशीष तिवारी ने अपने क्षेत्र के प्रमुख धार्मिक स्थलों एवं संवेदनशील स्थानों का निरीक्षण कर पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को लगातार भ्रमणशील रहने, संदिग्ध गतिविधियों पर पैनी नजर रखने तथा श्रद्धालुओं की हरसंभव सहायता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।निरीक्षण के दौरान संबंधित क्षेत्राधिकारी, थाना प्रभारी, यातायात पुलिस, महिला पुलिस, पीएसी तथा अन्य संबंधित पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे। अयोध्या पुलिस ने सावन के प्रथम सोमवार पर सुरक्षा, यातायात और कानून-व्यवस्था के व्यापक इंतजाम कर यह सुनिश्चित किया कि श्रद्धालु पूरी श्रद्धा, विश्वास और सुरक्षा के साथ भगवान भोलेनाथ की आराधना एवं दर्शन-पूजन कर सकें।







