पांचवा आयाम/(ललित):हरियाणा भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एंटी करप्शन ब्यूरो) ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए पंचकूला के सेक्टर-21 पुलिस चौकी में तैनात उप निरीक्षक (एसआई) देशराज को ₹5,000 की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई इंस्पेक्टर रुपेश चौधरी के नेतृत्व में गठित एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम द्वारा ड्यूटी मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में सफलतापूर्वक अंजाम दी गई।जानकारी के अनुसार शिकायतकर्ता ने एंटी करप्शन ब्यूरो को लिखित शिकायत देकर बताया कि उसकी कार एक मामले में सेक्टर-21 पुलिस चौकी में खड़ी करवाई गई थी। दोनों पक्षों के बीच लिखित समझौता हो जाने के बावजूद उप निरीक्षक देशराज वाहन छोड़ने के बदले ₹5,000 की रिश्वत की मांग कर रहा था।शिकायतकर्ता ने रिश्वत देने के बजाय एंटी करप्शन ब्यूरो से संपर्क किया और लिखित शिकायत के साथ रिश्वत मांगने संबंधी एक ऑडियो रिकॉर्डिंग भी उपलब्ध कराई। ब्यूरो द्वारा शिकायत एवं ऑडियो रिकॉर्डिंग का सत्यापन किया गया, जिसमें प्रथम दृष्टया रिश्वत मांगने की पुष्टि हुई।इसके बाद इंस्पेक्टर रुपेश चौधरी के नेतृत्व में ड्यूटी मजिस्ट्रेट की निगरानी में विशेष ट्रैप टीम गठित की गई। टीम ने योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई करते हुए आरोपी उप निरीक्षक देशराज को शिकायतकर्ता से ₹5,000 की रिश्वत स्वीकार करते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।आरोपी के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 (संशोधित 2018) की धारा-7 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपी से पूछताछ की जा रही है तथा मामले में नियमानुसार आगे की जांच जारी है। एंटी करप्शन ब्यूरो इस बात की भी जांच कर रहा है कि इस मामले में किसी अन्य व्यक्ति की कोई भूमिका तो नहीं रही।एंटी करप्शन ब्यूरो ने नागरिकों से अपील की है कि यदि कोई सरकारी अधिकारी या कर्मचारी किसी कार्य के बदले रिश्वत की मांग करता है, तो उसकी सूचना तुरंत ब्यूरो को दें। शिकायतकर्ता की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाती है और शिकायत पर नियमानुसार त्वरित कार्रवाई की जाती है।







