गोण्डा(हनुमान शरण पांडे) – नौकरी का झांसा देकर लोगों का बैंक खाता हड़पने और उसे ‘म्यूल अकाउंट’ बनाकर देशभर में साइबर फ्रॉड करने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। पुलिस महानिदेशक उ0प्र0 के ‘Cy-Vazra अभियान’ के तहत गोण्डा पुलिस ने 5 शातिरों को गिरफ्तार किया है। इनके कब्जे से 6 मोबाइल, 15 आधार कार्ड, 10 सिम और फर्जी दस्तावेज बरामद हुए हैं। पुलिस ने 3.20 करोड़ रुपये विभिन्न खातों में फ्रीज भी कराए हैं।पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी अजीत कुमार रजक के पर्यवेक्षण और क्षेत्राधिकारी नगर योगेन्द्र सिंह के नेतृत्व में थाना कोतवाली देहात और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने ये कार्रवाई की।सिसई टिकरिया निवासी वीरेन्द्र प्रताप ने कोतवाली देहात में तहरीर दी थी। आरोप था कि गिरोह के लोगों ने उन्हें सोलर कंपनी में 15,000 रुपये महीने की नौकरी दिलाने का वादा किया। नौकरी के लिए यूपी ग्रामीण बैंक में करंट अकाउंट खुलवाया। इसके बाद चालाकी से अकाउंट में वीरेंद्र का नंबर हटाकर अपना नंबर डाल दिया और इंटरनेट बैंकिंग का पूरा एक्सेस अपने पास रख लिया। साथ ही वीरेंद्र के नाम से फर्जी उद्यम और जीएसटी रजिस्ट्रेशन भी करवा लिया। इसके बाद इस खाते से करोड़ों का संदिग्ध लेन-देन किया गया।पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उनका काम ही लोगों को बेरोजगारी का फायदा उठाकर फंसाना था।






