चंडीगढ़, 11 जून 2026: स्पेशल टास्क फोर्स (STF), हरियाणा ने संगठित अपराध के खिलाफ अपने अभियान में एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए गैंगस्टर वैनकेट गर्ग का जॉर्जिया से सफलतापूर्वक प्रत्यर्पण सुनिश्चित किया है। यह जॉर्जिया से भारत को किया गया पहला प्रत्यर्पण है तथा वर्ष 2026 में STF हरियाणा द्वारा सुनिश्चित किया गया 10वां निर्वासन/प्रत्यर्पण है।
वैनकेट गर्ग (29 वर्ष), निवासी नारायणगढ़, जिला अंबाला, लगभग 53 सदस्यों वाले आपराधिक गिरोह का सरगना है। उसके विरुद्ध हरियाणा और चंडीगढ़ में हत्या, हत्या के प्रयास, रंगदारी, संगठित अपराध तथा अवैध हथियारों से संबंधित कुल 34 आपराधिक मामले दर्ज हैं। वह एक उद्घोषित अपराधी (Proclaimed Offender) भी है।
जांच में सामने आया कि आरोपी 10 दिसंबर 2024 को भारत से संयुक्त अरब अमीरात (UAE) फरार हो गया था और बाद में 26 जनवरी 2025 को जॉर्जिया पहुंच गया। STF हरियाणा ने आरोपी की गिरफ्तारी सुनिश्चित करने के लिए लुक आउट सर्कुलर (LOC), इंटरपोल रेड कॉर्नर नोटिस, गिरफ्तारी वारंट और अन्य कानूनी प्रक्रियाएं शुरू कीं। आरोपी द्वारा फर्जी पते के आधार पर प्राप्त पासपोर्ट को भी STF की अनुशंसा पर निरस्त कर दिया गया था।
भारत सरकार के विदेश मंत्रालय, राष्ट्रीय केंद्रीय ब्यूरो (NCB)-नई दिल्ली, केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI), जॉर्जिया एवं कजाखस्तान स्थित भारतीय दूतावासों तथा जॉर्जिया की कानून प्रवर्तन एजेंसियों के सहयोग से यह प्रत्यर्पण सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
STF हरियाणा ने इस अभियान में सहयोग देने वाली सभी राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों, जॉर्जिया और कजाखस्तान सरकार तथा पुलिस अधीक्षक अंबाला एवं उनकी टीम का आभार व्यक्त किया है।
वैनकेट गर्ग का प्रत्यर्पण संगठित अपराध और भगोड़े अपराधियों के विरुद्ध STF हरियाणा की प्रतिबद्धता का एक महत्वपूर्ण उदाहरण है। STF हरियाणा भविष्य में भी राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों के सहयोग से अपराधियों को कानून के दायरे में लाने के लिए निरंतर कार्य करती रहेगी।









